

भारत ने आर्थिक और सामाजिक सुधारों को बढ़ावा देने के लिए अमित शाह और राजनाथ सिंह की अगुवाई में दो नई अनौपचारिक मंत्रियों की समितियाँ बनाई हैं। शाह की समिति प्रौद्योगिकी और आर्थिक क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित करेगी, जिसमें निर्मला सीतारमण और पीयूष गोयल जैसे प्रमुख मंत्री शामिल हैं। वहीं, सिंह की समिति शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक कल्याण जैसे क्षेत्रों पर ध्यान देगी। ये समितियाँ पीएम मोदी के अगले पीढ़ी के सुधारों के आह्वान के बाद बनाई गई हैं और इनका उद्देश्य कार्रवाई योग्य योजनाएँ बनाना है। इनका कार्य नागरिकों और व्यवसायों पर प्रभाव डालेगा, जिससे उत्पादकता बढ़ेगी और भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने का सपना साकार होगा।