भारतीय सरकार बड़ी तकनीकी कंपनियों जैसे मेटा, गूगल और अमेज़न के लिए डिजिटल व्यक्तिगत डेटा सुरक्षा अधिनियम, 2023 के अनुपालन की समयसीमा को 18 महीने से घटाकर 12 महीने करने पर विचार कर रही है। यह बदलाव बड़े और छोटे व्यवसायों के लिए अलग-अलग अनुपालन मानक बनाने के लिए है। प्रमुख तकनीकी कंपनियों को नई जिम्मेदारियों का सामना करना पड़ेगा, जिसमें वार्षिक डेटा सुरक्षा आकलन और भारत के बाहर डेटा स्थानांतरण पर प्रतिबंध शामिल हैं। हालांकि यह डेटा सुरक्षा को बढ़ा सकता है, लेकिन इससे इन कंपनियों की ओर से विरोध भी हो सकता है।