प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कोलकाता में छह स्थानों पर छापेमारी की, जिसमें पश्चिम बंगाल के मंत्री सुजीत बोस का घर भी शामिल है। यह छापेमारी एक नागरिक संगठन में भर्ती में कथित अनियमितताओं की जांच के तहत की गई। छापेमारी का मकसद भ्रष्टाचार से जुड़े दस्तावेज जुटाना था, और मंत्री का कार्यालय सूची में एक अप्रत्याशित जोड़ था। यह घटनाक्रम भारत में सरकारी भर्ती प्रक्रियाओं में निरंतर भ्रष्टाचार के मुद्दों को उजागर करता है।